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Showing posts from November, 2011

डर २

जैसे जैसे रास्ता सुनसान होता गया में ओर अधिक चौकन्नी हो कर बैठ गयी.मोबाइल हाथ में ले लिया ओर साइड मिरर से उस लड़की पर नज़र रखे हुए थी. हे भगवन बस ठीक से पहुँच जाएँ .अचानक गाड़ी के सामने एक कुत्ता आ गया गाड़ी में ब्रेक लगते ही में मेरे नकारात्मक विचारों को भी विराम मिला.मन ने खुद को धिक्कारा,छि ये क्या सोच रही हूँ  में, ११ साल पहले जब हम इस कोलोनी में रहने आये थे तब कितनी ही बार इसी सड़क  पर कितनी ही रात गए लोगो को लिफ्ट दी है.अगर कोई लिफ्ट न भी मांगे तो भी उसके पास गाड़ी रोक कर पूछ लेते थे कहाँ जाना है किसके घर जाना है आइये गाड़ी में बैठ जाइये हम भी उसी ओर जा रहे है. ओर आज एक लड़की से इतना डर.दुनिया इतनी भी बुरी नहीं है फिर कर भला हो भला का ये विश्वास आज डगमगा क्यों रहा है?लेकिन....मन यूं ही तो हार नहीं मानता ,जब उसके डर पर प्रहार होता है तो उसके अपने तर्क शुरू हो जाते है.संभल कर चलना ओर दूसरों की गलतियों से सीख लेना कोई बुरी बात तो नहीं है.फिर रोज़ इतनी ख़बरें पढ़ते है दूसरों को कोसते है आज जान बूझ कर खुद को मुसीबत में फंसा देना कहाँ की अकलमंदी है? फिर इस लड़की ने शराब पी रखी है भले …

डर

पता नहीं कैसे कैसे बेवकूफ लोग है??अख़बार नहीं पढ़ते या पढ़ कर भी समझते नहीं है,या समझ कर भी भूल जाते है ओर हर बार एक ही तरह से बेवकूफ बनते जाते है.टेबल पर अख़बार पटकते हुए पतिदेव झल्लाए .
ऐसा क्या हुआ ?चाय के कप समेटते हुए मैंने पूछा . होना क्या है फिर किसी बुजुर्ग महिला को कुछ लोगो ने लूट लिया ये कह कर की आगे खून हो गया है मांजी अपने गहने उतार दीजिये .अरे खून  होने से गहने उतारने  का क्या सम्बन्ध है.ओर खून तो हो चुका उसके बाद ख़ूनी वहां खड़े थोड़ी होंगे. लेकिन पता नहीं क्यों लोग लोजिकली सोचते ही नहीं है. बस आ गए बातों में ओर गहने उतार कर दे दिए.  अरे तो वो बूढी महिलाओं को निशाना बनाते है .घबरा जाती है बेचारी.नहीं समझ पाती, आ जाती है झांसे में. अरे बूढी नहीं अब ५० -५५ साल की कामकाजी महिलाएं ओर उनमे भी कई तो अच्छी पोस्ट पर भी है. कैसे नहीं समझ पाती. समझ नहीं आता. ओर खैर मान लिया महिलाएं है लेकिन  कितने ही आदमी भी तो ठगे जाते है,लड़कियाँ लिफ्ट लेती है ओर सुनसान रास्ते पर गाड़ी रुकवा कर लूट लेती है.जब पता है की आपके रास्ते सुनसान है तो क्यों देते है लोग लिफ्ट ?  अब बेचारे नहीं मना कर पाते लड़…